top of page

    4.4. वृत्तलेख - Vruttalekh (Feature Writing) - Class 11 -Yuvakbharati

    • 4 days ago
    • 3 min read

     विधा: व्यावहारिक हिंदी (Applied Hindi)


    १. शब्दार्थ और पारिभाषिक शब्दावली (Glossary & Technical Terms)

    क. शब्दार्थ (Word Meanings)

    शब्द (Word)

    अर्थ (Hindi)

    अर्थ (English Context)

    जिज्ञासा

    जानने की इच्छा

    Curiosity / Inquisitiveness

    वस्तुनिष्ठ

    निष्पक्ष / तथ्यपरक

    Objective / Factual

    रंजक

    मनोरंजक

    Entertaining / Interesting

    नावीन्यपूर्ण

    नयापन / अभिनव

    Innovative / Novel

    सूक्ष्म

    बारीकी से

    Subtle / Minute

    चपखल

    सटीक / उचित

    Apt / Precise

    ओघवती

    प्रवाहपूर्ण

    Fluent / Flowing

    उत्कंठा

    उत्सुकता

    Eagerness / Suspense

    कृतज्ञता

    आभार

    Gratitude

    मागोवा

    जायजा / पीछा करना

    Review / Tracking

    ख. पारिभाषिक शब्दावली (Applied Technical Terms)

    English Term

    मराठी / हिंदी प्रतिशब्द

    Feature Writing

    वृत्तलेख

    News

    बातमी

    Information

    माहिती

    Entertainment

    मनोरंजन

    Public Awareness

    लोकजागृती


    २. परिचय और संकल्पना (Introduction & Concept)

    संकल्पना (Concept Explanation): वृत्तलेख (Feature Writing) समाचार के 'आगे' की जानकारी है। जहाँ 'बातमी' (News) केवल वस्तुनिष्ठ जानकारी देती है कि क्या हुआ, वहीं 'वृत्तलेख' उस घटना के पीछे के मानवीय पहलुओं, बारीकियों और रंजक विवरणों को उजागर करता है। ऑक्सफोर्ड डिक्शनरी के अनुसार, यह समाचार पत्र का एक ऐसा लेख है जो समाचार मात्र नहीं होता (It is a non-news article)।


    ६. व्यावहारिक हिंदी (Applied Tasks)

    वृत्तलेख और समाचार में अंतर (Difference between Feature & News):

    • समाचार (News): इसमें 'मैं' (लेखक के विचार) का स्थान नहीं होता। यह केवल तथ्यों पर आधारित होता है।

    • वृत्तलेख (Feature): इसमें लेखक की कल्पनाशीलता, भाषा-कौशल और शैली का महत्व होता है। यह सूचना के साथ मनोरंजन भी करता है।

    वृत्तलेख के अंग (Parts of a Feature): १. शीर्षक: यह संक्षिप्त, आकर्षक और पाठकों में जिज्ञासा पैदा करने वाला होना चाहिए। २. प्रस्तावना: पहले पैराग्राफ में ही विषय की रोचकता स्पष्ट होनी चाहिए। ३. विषय विस्तार: तथ्यों को कथात्मक शैली में पेश किया जाना चाहिए। ४. समारोप: अंत ऐसा होना चाहिए जो पाठकों के मन पर गहरा प्रभाव छोड़े।

    उदाहरण (Model Task): विषय: डॉ. श्रीराम लागू - एक संवेदनशील कलावंत (वृत्तलेख सारांश) डॉ. लागू केवल एक महान अभिनेता ही नहीं थे, बल्कि एक विचारवान सामाजिक कार्यकर्ता भी थे। उन्होंने 'सामाजिक कृतज्ञता निधि' के माध्यम से समाज के लिए सक्रिय योगदान दिया। ऊँचाई छूने के बाद भी वे जमीन से जुड़े रहे।


    ७. व्याकरण (Grammar Corner with Explanations)


    वाक्य रूपांतर (Sentence Transformation):

    १. "वृत्तलेखात माहिती आणि मनोरंजन यांचा संगम असतो।" (प्रश्नार्थी करें) उत्तर: वृत्तलेखात माहिती आणि मनोरंजन यांचा संगम असतो का? Rule: [Added 'ka' to turn a statement into an inquiry.]

    २. "बातमी वस्तुनिष्ठ असते।" (नकारार्थी करें) उत्तर: बातमी अवस्तुनिष्ठ नसते। Rule: [Used the negative of the opposite word to maintain meaning.]


    ८. पिछली बोर्ड परीक्षाओं में पूछे गए प्रश्न (Practice Questions)


    प्रश्न १: 'वृत्तलेख' और 'बातमी' में प्रमुख अंतर क्या है?

    उत्तर: समाचार (बातमी) में 'क्या हुआ' का विवरण होता है, जबकि वृत्तलेख में 'कैसे' और 'क्यों' के साथ-साथ रंजक और सूक्ष्म विवरण शामिल होते हैं। समाचार शुष्क हो सकता है, लेकिन वृत्तलेख हमेशा रोचक होता है।


    प्रश्न २: वृत्तलेख के शीर्षक का क्या महत्व है?

    उत्तर: शीर्षक वृत्तलेख का प्रवेश द्वार है। एक सटीक और चपखल शीर्षक पाठक को लेख पढ़ने के लिए विवश कर देता है। शीर्षक से ही लेख की गहराई का पता चलता है।


    प्रश्न ३: डॉ. श्रीराम लागू के व्यक्तित्व पर आधारित वृत्तलेख के मुख्य बिंदु क्या होंगे?

    उत्तर: १. एक महान रंगकर्मी और अभिनेता। २. सामाजिक चेतना और 'कृतज्ञता निधि' का निर्माण। ३. सादा जीवन और उच्च विचार। ४. विचारों और कृति में सामंजस्य।


    प्रश्न ४: एक अच्छे वृत्तलेखकार के पास कौन-से गुण होने चाहिए?

    उत्तर: १. सूक्ष्म निरीक्षण शक्ति। २. कल्पनाशक्ति। ३. प्रभावी भाषाशैली। ४. विषय की गहरी समझ और शोध करने की वृत्ति।


    प्रश्न ५: वृत्तलेख के विभिन्न प्रकार कौन-कौन से हैं?

    उत्तर: १. व्यक्तिपरक (Biographical)। २. प्रसंगपरक (Event-based)। ३. ऐतिहासिक। ४. यात्रा-वृत्तांत (Travelogue)। ५. वैज्ञानिक या तकनीकी।

    About BhashaLab


    BhashaLab is a dynamic platform dedicated to the exploration and mastery of languages - operating both online and offline. Aligned with the National Education Policy (NEP) 2020 and the National Credit Framework (NCrF), we offer language education that emphasizes measurable learning outcomes and recognized, transferable credits.


    We offer:

    1. NEP alligned offline language courses for degree colleges - English, Sanskrit, Marathi and Hindi

    2. NEP alligned offline language courses for schools - English, Sanskrit, Marathi and Hindi

    3. Std VIII, IX and X - English and Sanskrit Curriculum Tuitions - All boards

    4. International English Olympiad Tuitions - All classes

    5. Basic and Advanced English Grammar - Offline and Online - Class 3 and above

    6. English Communication Skills for working professionals, adults and students - Offline and Online


    Contact: +91 86577 20901, +91 97021 12044



     
     
     

    Recent Posts

    See All
    2. लघुकथाएँ - Laghukathayein - Class 11 - Yuvakbharati

    लेखिका : श्रीमती संतोष श्रीवास्तव | विधा : लघुकथा १. शब्दार्थ और मुहावरे (Glossary with English Context) क. शब्दार्थ (Word Meanings) शब्द (Word) अर्थ (Hindi) अर्थ (English Context) देहरी दहलीज Thresho

     
     
     

    Comments


    bottom of page