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    2. स्मृति - (Smriti) - Class 9 - Sanchayan Bhag 1

    • Dec 26, 2025
    • 9 min read

    Updated: Dec 27, 2025

    1. पाठ का सार (Quick Revision Summary)

    • प्रसंग और पत्र: यह घटना सन् 1908 की सर्दियों की है। लेखक (बालक) झरबेरी के बेर खा रहा था जब बड़े भाई साहब ने उसे बुलाया। भाई साहब ने उसे और उसके छोटे भाई को ज़रूरी चिट्ठियाँ मक्खनपुर डाकखाने में डालने के लिए दीं। जाड़ा बहुत तेज़ था, इसलिए लेखक ने कानों को धोती से बाँधा, कुर्ता पहना और अपना प्रिय बबूल का डंडा लेकर चल पड़ा।

      • English: Context and Letters: This incident is from the winter of 1908. The author (as a boy) was eating berries when his elder brother called him. The brother gave him and his younger brother important letters to post at the Makkhanpur post office. It was extremely cold, so the author tied a dhoti around his ears, wore a kurta, and set off with his beloved acacia stick.


    • कुआँ और शरारत: रास्ते में एक सूखा कुआँ था जो 24 हाथ गहरा था और उसमें एक विषधर काला साँप गिर गया था। स्कूली बच्चे आते-जाते उस कुएँ में ढेला (मिट्टी का टुकड़ा) फेंककर साँप की फुसकार सुनने का मज़ेदार खेल खेलते थे। लेखक ने भी आदतवश कुएँ में ढेला फेंकने के लिए जैसे ही हाथ उठाया, उसकी टोपी (जिसमें चिट्ठियाँ रखी थीं) हाथ के झटके से कुएँ में गिर गई।

      • English: The Well and Mischief: On the way, there was a dry well, 24 cubits deep, into which a venomous black snake had fallen. School children used to play a game of throwing clods into the well to hear the snake hiss. The author, out of habit, raised his hand to throw a clod, but his cap (in which the letters were kept) fell into the well due to the jerk.


    • द्वंद्व और निर्णय: चिट्ठियाँ गिरते ही लेखक की जान निकल गई। उसे भाई साहब की मार का भयानक डर था और झूठ बोलना उसे आता नहीं था। पिटने के भय और जिम्मेदारी के बोझ के कारण उसने कुएँ में उतरकर चिट्ठियाँ लाने का दृढ़ निश्चय किया, जो मौत से खेलने जैसा था।

      • English: Dilemma and Decision: As the letters fell, the author was terrified. He had a terrible fear of his brother's beating and did not know how to lie. Driven by the fear of beating and the burden of responsibility, he made a firm decision to go down the well to retrieve the letters, which was like playing with death.


    • कुएँ में संघर्ष: लेखक और उसके छोटे भाई ने अपनी धोतियों को जोड़कर एक रस्सी बनाई। लेखक कुएँ में उतरा। नीचे जगह बहुत कम थी और साँप फन फैलाए तैयार था। लेखक का डंडा साँप को मारने के लिए घुमाया नहीं जा सकता था। साँप ने डंडे पर कई बार वार किया और अपना विष छोड़ दिया।

      • English: Struggle in the Well: The author and his younger brother tied their dhotis together to make a rope. The author descended into the well. The space at the bottom was very narrow, and the snake was ready with its hood spread. The author's stick could not be swung to kill the snake. The snake struck the stick several times, leaving venom on it.


    • चिट्ठियों की वापसी: लेखक ने मिट्टी फेंककर साँप का ध्यान भटकाया और डंडे की मदद से चिट्ठियों को अपनी ओर खिसका लिया। मौत के साये (साँप) से इंच भर की दूरी पर रहकर उसने चिट्ठियाँ उठाईं और उन्हें धोती में बाँध दिया जिसे छोटे भाई ने ऊपर खींच लिया।

      • English: Retrieval of Letters: The author threw dirt to distract the snake and used the stick to slide the letters towards him. Standing inches away from death (the snake), he picked up the letters and tied them to the dhoti, which his younger brother pulled up.


    • साहस और रहस्य: 36 फुट गहरे कुएँ से बिना पैरों के सहारे केवल हाथों के बल ऊपर चढ़ना बहुत कठिन था, लेकिन लेखक सुरक्षित बाहर आ गया। उसने इस घटना का ज़िक्र किसी से नहीं किया। 1915 में मैट्रिक पास करने के बाद उसने माँ को यह कहानी सुनाई, जिसे सुनकर माँ ने उसे गोद में छिपा लिया।

      • English: Courage and Secret: Climbing up 36 feet from the well using only hands without foot support was very difficult, but the author came out safely. He did not mention this incident to anyone. After passing matriculation in 1915, he told this story to his mother, who hid him in her lap upon hearing it.


    2. शब्द-संपदा (Vocabulary)

    शब्द (Word)

    अर्थ (Hindi Meaning)

    English Meaning

    चिल्ला जाड़ा

    कड़ाके की ठंड

    Biting cold


    मृगशावक

    हिरन का बच्चा

    Fawn


    प्रतिद्वंद्वी

    विपक्षी / शत्रु

    Opponent / Rival


    चक्षुःश्रवा

    जो आँखों से सुनता हो (साँप)

    Snake (One who hears through eyes)


    आकाश-कुसुम

    असंभव बात (आकाश का फूल)

    Impossible dream / Utopian idea


    मज्जा

    हड्डी के भीतर का गूदा

    Bone Marrow


    परिधि

    घेरा

    Circumference / Periphery


    अविलंब

    बिना देर किए / तुरंत

    Immediately

    उद्वेग

    बेचैनी / घबराहट

    Agitation / Anxiety


    गुंजल्क

    कुंडली / घेरा

    Coil


    ताकीद

    चेतावनी / बार-बार कहना

    Instruction / Warning


    3. चरित्र चित्रण (Character Sketches)

    लेखक (Author - as a child)

    • साहसी और ज़िम्मेदार (Brave & Responsible): लेखक ने अपनी जान जोखिम में डालकर चिट्ठियाँ वापस लाने का फैसला किया क्योंकि वे अपनी ज़िम्मेदारी समझते थे और भाई की आज्ञा का पालन करना चाहते थे। कुएँ में साँप का सामना करते हुए उन्होंने अद्भुत साहस और धैर्य दिखाया।

      • English: The author decided to risk his life to retrieve the letters because he understood his responsibility and wanted to obey his brother. He showed amazing courage and patience while facing the snake in the well.


    • शरारती (Mischievous): अन्य बच्चों की तरह लेखक भी नटखट थे। कुएँ में ढेला फेंकना और साँपों को तंग करना उनकी बाल-सुलभ शरारतों का हिस्सा था।

      • English: Like other children, the author was mischievous. Throwing clods into the well and teasing snakes were part of his childish mischief.


    छोटा भाई (Younger Brother)

    • सहयोगी और भावुक (Supportive & Emotional): छोटा भाई हर कदम पर लेखक के साथ था। कुएँ के ऊपर वह रोता रहा और डरे हुए होने के बावजूद उसने पूरी ताकत से धोती को पकड़े रखा और चिट्ठियाँ खींचीं।

      • English: The younger brother was with the author at every step. He kept crying at the top of the well, and despite being scared, he held the dhoti with all his strength and pulled up the letters.


    4. योग्यता-आधारित प्रश्न (Competency-Based Questions)

    A. अभिकथन और तर्क (Assertion & Reasoning)

    प्रश्न 1: अभिकथन (A): लेखक ने कुएँ में उतरने का निर्णय लिया।

    तर्क (R): उसे साँपों को पकड़ने का बहुत शौक था और वह निडर था।

    उत्तर: (ग) A सही है, R गलत है। (निर्णय इसलिए लिया क्योंकि उसे भाई की मार का डर था और चिट्ठियाँ खोने की जिम्मेदारी का अहसास था, शौक के कारण नहीं)।


    प्रश्न 2: अभिकथन (A): लेखक ने साँप को नहीं मारा।

    तर्क (R): कुएँ का व्यास (जगह) इतना कम था कि वहाँ डंडा चलाने के लिए पर्याप्त स्थान नहीं था।

    उत्तर: (क) A और R दोनों सही हैं, तथा R, A की सही व्याख्या करता है।


    B. स्थिति-आधारित विश्लेषण (Situation Analysis)

    स्थिति (Situation): एक छात्र से गलती हो जाती है, लेकिन वह सजा के डर से उसे छिपाने के बजाय उसे सुधारने के लिए जोखिम उठाता है।

    प्रश्न (Question): 'स्मृति' पाठ के आधार पर छात्र के इस कदम का मूल्यांकन कीजिए।

    उत्तर (Answer): छात्र का यह कदम लेखक के कार्य जैसा ही है। लेखक से भी गलती (चिट्ठियाँ गिरना) हुई थी। वह झूठ बोल सकता था, लेकिन उसने सच का सामना करने और गलती सुधारने (कुएँ में उतरने) का जोखिम उठाया। यह 'ईमानदारी' और 'उत्तरदायित्व' का परिचायक है, भले ही इसमें जान का खतरा था।


    C. आशय स्पष्टीकरण (Intent/Inference)

    प्रश्न 1: "फल तो किसी दूसरी शक्ति पर निर्भर है।"

    उत्तर: लेखक का आशय है कि मनुष्य का कर्म करना उसके हाथ में है (कुएँ में उतरना), लेकिन उसका परिणाम (बचना या मरना) ईश्वर या भाग्य (दूसरी शक्ति) के हाथ में है। यह गीता के 'कर्मण्येवाधिकारस्ते' भाव को दर्शाता है।


    प्रश्न 2: "साँप ने अपनी शक्ति का सर्टीफिकेट सामने रख दिया था।"

    उत्तर: साँप ने डंडे पर वार किया जिससे उस पर विष (पीव जैसा) लग गया। यह विष साँप की घातक शक्ति का प्रमाण (सर्टीफिकेट) था कि यदि यह वार लेखक पर होता, तो उसकी मृत्यु निश्चित थी।


    5. प्रश्न-उत्तर (Subjective Q&A)

    A. लघु उत्तरीय (Short Answer - 30-40 Words)

    प्रश्न 1: लेखक को चिट्ठियाँ ले जाते समय किस बात की आशंका थी?

    उत्तर: लेखक को आशंका थी कि कहीं झरबेरी के बेर खाने के अपराध में उसकी पेशी न हो जाए और उसे बड़े भाई से मार न पड़े। वह पहले से ही भाई साहब की मार से डरा हुआ था।


    प्रश्न 2: कुएँ में उतरने के लिए लेखक ने क्या तैयारी की?

    उत्तर: लेखक और उसके छोटे भाई ने अपनी, कानों में बँधी और चने वाली कुल पाँच धोतियाँ और कुछ रस्सियाँ मिलाकर एक लंबी रस्सी बनाई। एक सिरे पर डंडा बाँधा और दूसरे सिरे को कुएँ की डेंग से बाँध दिया।


    प्रश्न 3: 'बाएँ हाथ का खेल' किसे कहा गया है और यह लेखक के लिए भ्रम साबित क्यों हुआ?

    उत्तर: लेखक को साँप मारने का अनुभव था, इसलिए उसने सोचा कि कुएँ में जाकर साँप को मारना 'बाएँ हाथ का खेल' (बहुत आसान) होगा। लेकिन नीचे जगह की कमी के कारण वह डंडा नहीं चला सका, जिससे यह भ्रम टूट गया।


    प्रश्न 4: माँ ने लेखक को गोद में क्यों छिपा लिया?

    उत्तर: जब कई साल बाद माँ ने सुना कि उनके बेटे ने मौत (साँप) का सामना इतने करीब से किया था, तो वे डर और ममता से भर गईं। बेटे के खोने की कल्पना मात्र से उन्होंने उसे सुरक्षा देने के लिए गोद में छिपा लिया।


    B. दीर्घ उत्तरीय/मूल्यपरक (Long/Value-Based - 100 Words)

    प्रश्न 1: 'स्मृति' पाठ साहस और बाल-सुलभ शरारतों का मिश्रण है। सिद्ध कीजिए।

    उत्तर: यह पाठ बच्चों की दुनिया का सजीव चित्रण है। एक तरफ इसमें बाल-सुलभ शरारतें हैं, जैसे- स्कूल जाते समय कुएँ में ढेला फेंकना, बेर तोड़ना और साँप की फुसकार पर हँसना। दूसरी तरफ, इसमें अदम्य साहस है। एक 11 साल का बच्चा अपनी गलती सुधारने के लिए मौत के कुएँ में उतर जाता है। वह विषधर का सामना करता है और बुद्धि से काम लेता है। यह कहानी बताती है कि बच्चे खेल-खेल में कैसे बड़े खतरों से जूझ जाते हैं और अपनी जिम्मेदारी निभाते हैं।


    प्रश्न 2: लेखक ने साँप से चिट्ठियाँ कैसे हासिल कीं? उस दृश्य का वर्णन अपने शब्दों में कीजिए।

    उत्तर: कुएँ के तल पर चिट्ठियाँ साँप के पास पड़ी थीं। डंडा चलाने की जगह नहीं थी। लेखक ने डंडे से चिट्ठियाँ खिसकाने की कोशिश की तो साँप ने डंडे पर हमला कर दिया। लेखक ने हार नहीं मानी। उसने कुएँ की दीवार से मिट्टी लेकर साँप की दाईं ओर फेंकी। जैसे ही साँप उस पर झपटा, लेखक ने फुर्ती से दूसरी ओर से डंडे से चिट्ठियाँ खींच लीं। इस बीच साँप ने पिछला वार भी किया जो डंडे पर लगा। इस तरह जान हथेली पर रखकर लेखक ने चिट्ठियाँ उठाईं।


    प्रश्न 3: "दृढ़ संकल्प से दुविधा की बेड़ियाँ कट जाती हैं।" इस कथन की सार्थकता पाठ के संदर्भ में स्पष्ट कीजिए।

    उत्तर: जब चिट्ठियाँ कुएँ में गिरीं, तो लेखक भारी दुविधा में था- घर जाकर सच बोलकर मार खाए या झूठ बोले? वह कुएँ के किनारे बैठकर रो रहा था। लेकिन जैसे ही उसने 'संकल्प' किया कि वह चिट्ठियाँ वापस लाएगा, उसका सारा डर और रोना गायब हो गया। वह तुरंत काम में जुट गया। यह सिद्ध करता है कि जब हम किसी कार्य को करने का पक्का इरादा कर लेते हैं, तो मन की शंकाएँ और बाधाएँ अपने आप दूर हो जाती हैं और हम समाधान ढूँढ लेते हैं।


    6. व्याकरण (Integrated Grammar)

    (Based on the text of the chapter)

    प्रश्न 1: मुहावरे का अर्थ और वाक्य प्रयोग:

    • आँखें चार होना: (सामना होना / एक-दूसरे को देखना) - कुएँ के धरातल पर उतरते ही लेखक और साँप की आँखें चार हुईं

    • बाएँ हाथ का खेल: (बहुत आसान काम) - लेखक को लगा कि साँप मारना उसके बाएँ हाथ का खेल है।

    • प्राण सूखना: (बहुत डर जाना) - चिट्ठियाँ गिरते ही लेखक के प्राण सूख गए (जान निकल गई)।

    • कायल होना: (प्रशंसा करना / मान जाना) - लेखक साँप की शक्ति का पहले से ही कायल था।


    प्रश्न 2: विलोम शब्द:

    • स्मृति: विस्मृति

    • सजीव: निर्जीव

    • आशा: निराशा

    • संतोष: असंतोष


    7. सामान्य त्रुटियाँ (Common Student Errors)

    1. कुएँ में उतरने का कारण:

      • त्रुटि: छात्र लिखते हैं कि लेखक साँप को मारने उतरा था।

      • सुधार: लेखक का मुख्य उद्देश्य चिट्ठियाँ निकालना था, साँप मारना नहीं। साँप मारना केवल एक सोचा हुआ तरीका था जो सफल नहीं हुआ।


    2. चिट्ठियों की संख्या:

      • त्रुटि: छात्र चिट्ठियों की संख्या भूल जाते हैं।

      • सुधार: कुल तीन (3) चिट्ठियाँ थीं।


    3. घटना का साल:

      • त्रुटि: छात्र 1915 को घटना का साल मान लेते हैं।

      • सुधार: घटना 1908 में हुई थी। 1915 में लेखक ने माँ को यह कहानी सुनाई थी।

    End


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